ग्लोबल फ्यूल क्राइसिस: ईरान युद्ध के 5वें हफ्ते में डीजल की कीमतों में 'आग'
अमेरिका-ईरान युद्ध के 5वें हफ्ते में वैश्विक तेल बाजार में उथल-पुथल। फिलीपींस, नाइजीरिया और अमेरिका में डीजल की कीमतों में रिकॉर्ड बढ़ोतरी।
वॉशिंगटन/नई दिल्ली : अमेरिका-ईरान युद्ध अब अपने पांचवें हफ्ते में प्रवेश कर चुका है और इसका वैश्विक अर्थव्यवस्था पर विनाशकारी असर दिखना शुरू हो गया है। हॉर्मुज जलडमरूमध्य में आपूर्ति बाधित होने और तेल टैंकरों पर हमलों के कारण कच्चा तेल 116 डॉलर प्रति बैरल के पार पहुँच गया है। इस संकट का सबसे क्रूर प्रहार डीजल की कीमतों पर पड़ा है, जो कई देशों में रिकॉर्ड स्तर तक महंगी हो चुकी हैं।
एशियाई और विकासशील देशों पर आर्थिक प्रहार
एशियाई अर्थव्यवस्थाएं, जो अपनी ऊर्जा जरूरतों के लिए खाड़ी देशों पर निर्भर हैं, इस युद्ध की सबसे बड़ी शिकार बनी हैं। फिलीपींस में डीजल की कीमतों में युद्ध शुरू होने के बाद 81.6 प्रतिशत की अविश्वसनीय वृद्धि दर्ज की गई है। मलेशिया में डीजल 57.9 प्रतिशत और वियतनाम में 45.9 प्रतिशत महंगा हुआ है। सिंगापुर और चीन में भी कीमतों में भारी बढ़ोतरी हुई है, जिससे मैन्युफैक्चरिंग हब पर दबाव बढ़ गया है।