पंजाब पुलिस की बड़ी स्ट्राइक: अमृतसर में तीन इंटरनेशनल ड्रग और हथियार मॉड्यूल का भंडाफोड़, 10 गिरफ्तार
पंजाब पुलिस ने अमृतसर में तीन बड़े ड्रग और हथियार तस्करी मॉड्यूल का पर्दाफाश किया। पाकिस्तान से जुड़े थे तार, जेल से चल रहा था गिरोह।
पंजाब को सुरक्षित और नशा मुक्त राज्य बनाने के मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के अभियान के तहत अमृतसर कमिश्नरेट पुलिस को एक बड़ी कामयाबी हाथ लगी है। पुलिस ने सीमा पार (पाकिस्तान) से संचालित होने वाले तीन अलग-अलग तस्करी गिरोहों का पर्दाफाश करते हुए 10 आरोपियों को गिरफ्तार किया है।
डीजीपी पंजाब, गौरव यादव ने बताया कि इस कार्रवाई के दौरान पुलिस ने 5.4 किलोग्राम हेरोइन, तीन आधुनिक पिस्तौल और 4,500 रुपये की ड्रग मनी बरामद की है। पकड़े गए तस्कर सोशल मीडिया के जरिए पाकिस्तान के तस्करों से जुड़े हुए थे और भारतीय क्षेत्र में नशे और हथियारों की सप्लाई कर रहे थे।
अत्याधुनिक हथियार और भारी मात्रा में नशा बरामद
पुलिस टीमों ने इस पूरे ऑपरेशन के दौरान अंतरराष्ट्रीय स्तर पर इस्तेमाल होने वाले घातक हथियार भी जब्त किए हैं। बरामदगी की सूची इस प्रकार है:
-
हेरोइन: कुल 5.4 किलोग्राम नशीला पदार्थ।
-
हथियार: एक 9 एमएम ग्लॉक (Glock), एक 9 एमएम जिगाना (Zigana) और एक .32 बोर की पिस्तौल।
-
कारतूस: 34 जिंदा कारतूस और एक मोटरसाइकिल।
पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार किए गए आरोपियों में से कई अमृतसर और तरनतारन के रहने वाले हैं। इनमें गुरप्रीत सिंह उर्फ बिल्ला, लवप्रीत सिंह उर्फ लव, और सतनाम सिंह जैसे मुख्य नाम शामिल हैं।
कैसे काम करते थे ये तीन मॉड्यूल?
1. पहला ऑपरेशन: पुलिस कमिश्नर गुरप्रीत सिंह भुल्लर ने बताया कि गुप्त सूचना के आधार पर सबसे पहले गुरप्रीत उर्फ बिल्ला को पकड़ा गया। उससे पूछताछ के बाद उसके साथियों लवप्रीत और सतनाम को गिरफ्तार किया गया। इनके पास से 3 किलो हेरोइन और दो विदेशी पिस्तौल बरामद हुईं।
2. जेल से चल रहा था नेटवर्क: दूसरे मामले में पुलिस ने मनप्रीत और गुरलाल को गिरफ्तार कर हेरोइन बरामद की। जांच में पता चला कि इस गिरोह का असली मास्टरमाइंड गुरप्रीत उर्फ गोपी था, जो जेल के अंदर से ही पूरा नेटवर्क चला रहा था। पुलिस ने उसे प्रोडक्शन वारंट पर लेकर पूछताछ की, जिसके बाद उसके अन्य साथियों को गिरफ्तार किया गया और 2 किलो से अधिक अतिरिक्त हेरोइन मिली।
3. अवैध हथियारों पर कार्रवाई: तीसरे अभियान में पुलिस ने रोहित उर्फ डाकू को गिरफ्तार किया, जिसके पास से एक .32 बोर की पिस्तौल और जिंदा कारतूस बरामद हुए।
पाकिस्तान से जुड़े हैं तार
डीजीपी गौरव यादव ने खुलासा किया कि पकड़े गए आरोपी हाई-टेक संचार माध्यमों का उपयोग कर रहे थे। पाकिस्तान से ड्रोन या अन्य माध्यमों से हेरोइन और हथियार मंगाए जाते थे और फिर उन्हें पंजाब के अलग-अलग हिस्सों में सप्लाई किया जाता था।
पुलिस अब इस बात की जांच कर रही है कि इस नेटवर्क में और कौन-कौन शामिल है और पैसा कहां से आ रहा था। इस कार्रवाई के संबंध में अमृतसर के विभिन्न थानों में तीन अलग-अलग एफआईआर (FIR) दर्ज की गई हैं।