नेपाल ने पेश किया 'TIV' मॉड्यूल: सड़क मार्ग से यात्रा करने वाले पर्यटकों को अब नहीं काटने होंगे कस्टम ऑफिस के चक्कर, जानें कैसे करें अप्लाई
सड़क मार्ग से नेपाल की खूबसूरती निहारने जाने वाले पर्यटकों, विशेषकर भारतीयों के लिए एक बड़ी राहत की खबर है। नेपाल सरकार ने मंगलवार को एक क्रांतिकारी कदम उठाते हुए विदेशी वाहनों के लिए ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन और डिजिटल फीस भुगतान सेवा की शुरुआत की है।
News Tv India हिंदी Official | Verified Expert • 27 Mar, 2026Editor
May 6, 2026 • 7:24 AM
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नेपाल ने पेश किया 'TIV' मॉड्यूल: सड़क मार्ग से यात्रा करने वाले पर्यटकों को अब नहीं काटने होंगे कस्टम ऑफिस के चक्कर, जानें कैसे करें अप्लाई
सड़क मार्ग से नेपाल की खूबसूरती निहारने जाने वाले पर्यटकों, विशेषकर भारतीयों के लिए एक बड़ी राहत की खबर है। नेपाल सरकार ने मंगलवार को एक क्रांतिकारी कदम उठाते हुए विदेशी वाहनों के लिए ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन और डिजिटल फीस भुगतान सेवा की शुरुआत की है।
“नेपाल ने पेश किया 'TIV' मॉड्यूल: सड़क मार्ग से यात्रा करने वाले पर्यटकों को अब नहीं काटने होंगे कस्टम ऑफिस के चक्कर, जानें कैसे करें अप्लाई”
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नेपाल ने पेश किया 'TIV' मॉड्यूल: सड़क मार्ग से यात्रा करने वाले पर्यटकों को अब नहीं काटने होंगे कस्टम ऑफिस के चक्कर, जानें कैसे करें अप्लाई
काठमांडू : नेपाल सरकार ने मंगलवार को एक नई ऑनलाइन सेवा शुरू की है, जिसके तहत जमीन के रास्ते से नेपाल आने वाले विदेशी पर्यटक अब अपने वाहनों का रजिस्ट्रेशन और फीस का भुगतान डिजिटल तरीके से कर सकेंगे।
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नेपाल के वित्त मंत्री स्वर्णिम वागले ने इस सिस्टम की शुरुआत की, जिसे कस्टम विभाग ने लागू किया है।
अब भारतीय पर्यटक और अन्य विदेशी यात्री, जो अपने निजी वाहनों से नेपाल आते हैं, वे घर बैठे ही ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन कर सकते हैं और जरूरी फीस भी जमा कर सकते हैं।
पहले ऐसे वाहनों को सीमा (कस्टम) पर जाकर अस्थायी परमिट लेना पड़ता था।
इसके अलावा, यात्रियों को अपने ठहरने के दौरान परमिट रिन्यू कराने के लिए फिर से कस्टम ऑफिस जाना पड़ता था, और समय पर न करने पर जुर्माना भी लग सकता था। अब यह ऑनलाइन हो गया है, जिससे यात्रा और आसान हो जाएगी।
इस सेवा की शुरुआत करते हुए वित्त मंत्री वागले ने कहा कि यह सिस्टम पर्यटकों को सीमा पर होने वाली परेशानियों से बचाएगा।
उन्होंने कहा, “यह पहल सरकार की अच्छे शासन और बेहतर सार्वजनिक सेवा देने की प्रतिबद्धता का हिस्सा है। हम चाहते हैं कि पर्यटकों को कोई दिक्कत न हो और उन्हें तेज और अच्छी सेवा मिले।”
कस्टम विभाग के महानिदेशक श्याम प्रसाद मैनाली ने बताया कि नेपाल में विदेशी पर्यटक वाहनों का परमिट सिस्टम अब पूरी तरह डिजिटल हो गया है।
उन्होंने कहा कि अब यात्री खुद ऑनलाइन अपने वाहन की जानकारी भर सकते हैं, जिससे प्रक्रिया ज्यादा पारदर्शी और आसान हो गई है।
पर्यटक वाहन ऑनलाइन या बैंक काउंटर के जरिए जरूरी फीस जमा कर सकते हैं। जो लोग ऑनलाइन भुगतान करेंगे, उन्हें ईमेल पर एक क्यूआर कोड मिलेगा, जिसे सीमा पर दिखाकर नेपाल में प्रवेश किया जा सकेगा।
विभाग के अनुसार, क्यूआर कोड वाले वाहन बिना किसी परेशानी के अपनी यात्रा कर सकते हैं। अगर परमिट की समय-सीमा खत्म हो जाती है, तो यात्री नेपाल के अंदर रहते हुए भी ऑनलाइन इसे बढ़ा सकते हैं।
इस सेवा का इस्तेमाल करने के लिए उपयोगकर्ताओं को कस्टम विभाग की वेबसाइट पर जाना होगा, “हमारी सेवाएं” सेक्शन में जाकर “टीआईवी” मॉड्यूल चुनना होगा और वहां अपनी जानकारी भरनी होगी।
प्रक्रिया पूरी होने के बाद क्यूआर कोड जारी किया जाएगा, जिसका उपयोग फीस भुगतान और प्रवेश के लिए किया जाएगा।
विभाग ने बताया कि यह टेम्पररी इम्पोर्ट ऑफ व्हीकल (टीआईवी) मॉड्यूल नेपाल के नेशनल सिंगल विंडो सिस्टम के तहत बनाया गया है, ताकि विदेशी यात्रियों के लिए देश में प्रवेश आसान हो सके।