West Bengal Election 2026: चुनाव आयोग का बड़ा कदम; आधी रात को जारी हुई पूरक मतदाता सूची, 29 लाख नामों पर हुआ फैसला
पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के लिए निर्वाचन आयोग ने सोमवार देर रात पहली पूरक मतदाता सूची (Supplementary Voter List) जारी कर दी है। इसमें 705 न्यायिक अधिकारियों द्वारा समीक्षा किए गए 29 लाख लंबित मामलों पर अंतिम निर्णय लिया गया है। भारी ट्रैफिक के कारण आयोग की वेबसाइट घंटों ठप रही।
कोलकाता: पश्चिम बंगाल में लोकतंत्र के सबसे बड़े उत्सव से पहले निर्वाचन आयोग ने एक महत्वपूर्ण प्रशासनिक कदम उठाया है। सोमवार रात करीब 11:55 बजे आयोग ने पहली पूरक मतदाता सूची सार्वजनिक कर दी। इस सूची के आने का इंतजार लाखों मतदाता पिछले कई महीनों से कर रहे थे, जिनके नाम विशेष गहन संशोधन (SIR) प्रक्रिया के तहत 'विचाराधीन' रखे गए थे।
705 न्यायिक अधिकारियों की समीक्षा
28 फरवरी को जब अंतिम मतदाता सूची प्रकाशित हुई थी, तब करीब 60 लाख नामों को 'विचाराधीन' श्रेणी में रखा गया था। इन मामलों के निपटारे के लिए सुप्रीम कोर्ट के निर्देशानुसार पूरे राज्य में 705 न्यायिक अधिकारियों की विशेष तैनाती की गई थी। अब तक कुल 29 लाख नामों पर न्यायिक प्रक्रिया पूरी कर ली गई है। इन मामलों में से कई नए नाम सूची में जोड़े गए हैं, जबकि अपात्र पाए गए नामों को हटा दिया गया है। मुख्य निर्वाचन अधिकारी मनोज कुमार अग्रवाल के अनुसार, जिन लोगों के नाम इस सूची से बाहर रह गए हैं, वे अब नवगठित 19 अपीलीय न्यायाधिकरणों (Appellate Tribunals) में अपनी अपील दायर कर सकेंगे।
तकनीकी खराबी और वेबसाइट क्रैश से मतदाता परेशान
जैसे ही सूची जारी होने की खबर फैली, लाखों मतदाताओं ने एक साथ मुख्य निर्वाचन अधिकारी की वेबसाइट और 'ECInet' ऐप पर लॉगिन करने का प्रयास किया। एक साथ भारी संख्या में ट्रैफिक आने के कारण पोर्टल बार-बार क्रैश होता रहा। बहुत से मतदाता अपना नाम तो देख पा रहे थे, लेकिन पूरी बूथ लिस्ट डाउनलोड करने में उन्हें काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ा। चुनाव आयोग ने आश्वासन दिया है कि सर्वर की क्षमता बढ़ाई जा रही है और जल्द ही स्थिति सामान्य हो जाएगी।
बंगाल चुनाव 2026 का पूरा शेड्यूल
मतदाता सूची में हुए इस बड़े बदलाव के साथ ही राज्य में चुनावी मशीनरी पूरी तरह सक्रिय हो गई है। पश्चिम बंगाल विधानसभा की 294 सीटों के लिए इस बार दो चरणों में मतदान होना तय है। पहले चरण का मतदान 23 अप्रैल 2026 को होगा, जबकि दूसरे चरण के लिए 29 अप्रैल 2026 को वोट डाले जाएंगे। पूरे राज्य की चुनावी प्रक्रिया का परिणाम यानी मतगणना 4 मई 2026 को की जाएगी।
सुरक्षा व्यवस्था और जिलाधिकारियों को सख्त निर्देश
सूची जारी होने के साथ ही राज्य सरकार ने सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी है। सभी जिलाधिकारियों को भीड़ नियंत्रण और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के निर्देश दिए गए हैं। आयोग ने स्पष्ट किया है कि दूसरी पूरक सूची आगामी शुक्रवार को और तीसरी सूची 3 अप्रैल तक जारी की जा सकती है। बाकी बचे हुए करीब 31 लाख लंबित मामलों पर भी न्यायिक प्रक्रिया युद्ध स्तर पर जारी है, ताकि मतदान से पहले सभी वास्तविक मतदाताओं को अपना संवैधानिक अधिकार मिल सके।