UGC रेगुलेशन 2026 विवाद: सुप्रीम कोर्ट करेगा 'भेदभाव विरोधी' नियमों की समीक्षा, याचिका में उठाए गए गंभीर सवाल
सुप्रीम कोर्ट UGC के उन नए नियमों पर सुनवाई को तैयार, जिन पर 'सामान्य वर्ग' को शिकायत तंत्र से बाहर रखने का आरोप है। सीजेआई सूर्यकांत की बेंच करेगी नियमों की संवैधानिक समीक्षा।
नई दिल्ली : सुप्रीम कोर्ट ने बुधवार को विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (यूजीसी) के नए नियमों को चुनौती देने वाली जनहित याचिका (पीआईएल) पर जल्द सुनवाई करने पर सहमति जताई। यूजीसी ने 13 जनवरी को 'प्रमोशन ऑफ इक्विटी इन हायर एजुकेशन इंस्टीट्यूशन रेगुलेशन 2026' लागू किया। इसके तहत कई संस्थानों को समता समिति बनाने और भेदभाव विरोधी नीति लागू करने के निर्देश दिए गए थे।
जनहित याचिका मुख्य न्यायाधीश (सीजेआई) सूर्यकांत की बेंच के सामने पेश की गई थी। सीजेआई ने कहा, "हमें मामले के बारे में जानकारी है।" उन्होंने याचिकाकर्ता से कहा, "आप यह सुनिश्चित करें कि कमियों (पीएलआई में) को दूर किया जाए। हम इस पर सुनवाई करेंगे।"