मजीठिया को हाई कोर्ट से झटका: जमानत खारिज होने पर आप नेता बलतेज पन्नू का अकाली दल पर हमला
पंजाब और हरियाणा हाई कोर्ट द्वारा बिक्रम सिंह मजीठिया की जमानत अर्जी खारिज किए जाने के बाद आम आदमी पार्टी के महासचिव बलतेज पन्नू ने अकाली दल (बादल) पर तीखा हमला बोला। पन्नू ने कहा कि यह फैसला नशा तस्करी और आय से अधिक संपत्ति मामले की गंभीरता को साबित करता है और मान सरकार किसी भी नशा माफिया या भ्रष्ट नेता को बख्शने वाली नहीं है।
आम आदमी पार्टी (आप) पंजाब के महासचिव और मीडिया इंचार्ज बलतेज पन्नू ने कहा कि आज माननीय पंजाब और हरियाणा हाई कोर्ट के फैसले ने अकाली दल (बादल) को सबसे बड़ा झटका दिया है। उन्होंने कहा कि अधिकारियों को बार-बार दी गई उनकी धमकियां काम नहीं आईं। चंडीगढ़ में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए पन्नू ने कहा कि अदालत ने वरिष्ठ अकाली नेता और पूर्व मंत्री बिक्रम सिंह मजीठिया की जमानत अर्जी को खारिज कर दिया है, जिससे उनके खिलाफ दर्ज विजिलेंस केस की गंभीरता की पुष्टि होती है।
पन्नू ने कहा कि इससे पहले निचली अदालत मजीठिया की जमानत पहले ही खारिज कर चुकी थी और अब हाई कोर्ट ने भी पंजाब सरकार द्वारा पेश की गई दलीलों को सुनने के बाद राहत देने से इनकार कर दिया है। उन्होंने बताया कि लगभग पंद्रह दिनों तक हमारी ए.जी. ऑफिस की टीम ने माननीय अदालत के सामने दलीलें रखीं और सब कुछ सुनने के बाद अदालत यह समझ गई कि अगर मजीठिया को रिहा किया जाता है, तो उनके पिछले व्यवहार को देखते हुए इस बात की पूरी आशंका है कि वे गवाहों को धमका सकते हैं या डरा सकते हैं। उन्होंने अकाली दल पर बरसते हुए कहा कि वे बार-बार प्रेस कॉन्फ्रेंस करके यह दावा कर रहे थे कि “चालान के बाद कोई और जांच नहीं हुई” इसलिए मजीठिया को रिहा किया जाना चाहिए, लेकिन हाई कोर्ट ने मामले की गंभीरता को समझा और अर्जी खारिज कर दी।