“जांजगीर-चांपा जिला जेल का औचक निरीक्षण, बंदियों की सुविधाओं और विधिक सहायता का लिया जायजा”
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Date
20 September 2026
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जांजगीर-चांपा जिला जेल का औचक निरीक्षण, बंदियों की सुविधाओं और विधिक सहायता का लिया जायजा
जांजगीर-चांपा:छत्तीसगढ़ के जांजगीर-चांपा जिले में जिला जेल जांजगीर-खोखरा का औचक निरीक्षण किया गया। प्रधान जिला न्यायाधीश, कलेक्टर और बोर्ड ऑफ विजिटर्स की टीम ने जेल पहुंचकर बंदियों को दी जा रही सुविधाओं और व्यवस्थाओं का जायजा लिया।
यह निरीक्षण सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों के तहत रिट पिटीशन सिविल सुकन्या संस्था बनाम यूनियन ऑफ इंडिया एवं अन्य में पारित आदेश के अनुपालन में किया गया।
निरीक्षण टीम में प्रधान जिला न्यायाधीश एवं जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के सह-अध्यक्ष जयदीप गर्ग, सचिव मनोज कुमार कुशवाहा, कलेक्टर जन्मेजय महोबे और अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक डॉ. युलैंडन यार्क शामिल रहे।
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अधिकारियों ने जेल में बंदियों को उपलब्ध कराई जा रही विधिक सहायता की व्यवस्था का निरीक्षण किया। इस दौरान लीगल एड क्लिनिक, परिजनों के लिए मुलाकाती हेल्प डेस्क और वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग कक्ष की व्यवस्थाओं की भी जानकारी ली गई।
टीम ने यह भी देखा कि बंदियों को कानूनी सहायता से जुड़ी सुविधाएं किस तरह उपलब्ध कराई जा रही हैं।
निरीक्षण के दौरान जेल की बैरकों, मुलाकात कक्ष और शौचालयों की स्थिति का जायजा लिया गया। इसके अलावा पेयजल, प्राथमिक चिकित्सा, कपड़ों और बंदियों को उपलब्ध कराई जा रही अन्य सुविधाओं की भी जांच की गई।
अधिकारियों ने बंदियों को दिए जाने वाले भोजन की गुणवत्ता भी देखी।
शिकायत पेटी और रजिस्टरों की भी जांच
टीम ने जेल में लगी शिकायत पेटी और विभिन्न रजिस्टरों की जानकारी ली। बंदियों के प्रकरणों से जुड़ी समस्याओं के बारे में भी अधिकारियों ने जानकारी जुटाई।
इसके साथ ही जेल परिसर में जाति आधारित भेदभाव से संबंधित व्यवस्थाओं और शिकायतों के बारे में भी जानकारी ली गई।
ये अधिकारी रहे मौजूद
निरीक्षण के दौरान जेल अधीक्षक डी.डी. टोडर, लीगल एड डिफेंस काउंसिल के अधिवक्ता लिलेश्वर प्रसाद रत्नाकर, पैरालीगल वालेंटियर जयराम गढ़ेवाल और संयुक्त कलेक्टर स्निग्धा तिवारी सहित संबंधित अधिकारी और कर्मचारी मौजूद रहे।
अधिकारियों के मुताबिक, निरीक्षण का उद्देश्य जेल में बंदियों को उपलब्ध कराई जा रही सुविधाओं और उनके अधिकारों से जुड़ी व्यवस्थाओं की स्थिति का जायजा लेना था।