“नीट री-एग्जाम में बाधा डालने वालों पर होगी सख्त कार्रवाई: कैबिनेट सेक्रेटरी का कड़ा संदेश”
News TV India
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13 June 2026
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नई दिल्ली : देशभर में नीट परीक्षा को लेकर जारी विवादों के बीच केंद्र सरकार ने री-एग्जामिनेशन को निष्पक्ष, सुरक्षित और पारदर्शी तरीके से आयोजित कराने के लिए अपनी कमर कस ली है। इसी कड़ी में कैबिनेट सेक्रेटरी डॉ. टीवी सोमनाथन ने शुक्रवार को नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (एनटीए) के डायरेक्टर जनरल के साथ एक महत्वपूर्ण बैठक की। इस बैठक का मुख्य उद्देश्य नीट री-एग्जामिनेशन की तैयारियों का गहन समीक्षा करना था।
समीक्षा के दौरान, कैबिनेट सेक्रेटरी ने इस बात पर जोर दिया कि सभी संबंधित पक्षों के बीच करीबी तालमेल के जरिए ही री-एग्जामिनेशन को सुचारू, पारदर्शी और सुरक्षित तरीके से आयोजित किया जा सकता है। यह परीक्षा 21 जून 2026 को आयोजित की जानी है, जिसके लिए पुख्ता इंतजाम किए जा रहे हैं।
बाधा डालने वालों पर कानून की पूरी सख्ती
डॉ. सोमनाथन ने स्पष्ट शब्दों में चेतावनी दी, "केंद्र सरकार, राज्य सरकारें और जिला प्रशासन नीट री-एग्जामिनेशन के सुचारू संचालन को सुनिश्चित करने के लिए करीबी तालमेल के साथ काम कर रहे हैं। जो कोई भी री-एग्जामिनेशन की निष्पक्षता या सुचारू संचालन को किसी भी तरह से बिगाड़ने, बाधित करने या उसमें छेड़छाड़ करने की कोशिश करेगा, उस पर कानून की पूरी सख्ती बरती जाएगी।" यह बयान सरकार के कड़े रुख को दर्शाता है।
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टीवी सोमनाथन ने इस महत्वपूर्ण मुद्दे पर पहले भी कई बैठकें की हैं। उन्होंने 1 जून को केंद्र सरकार और संबंधित एजेंसियों के सेक्रेटरीज के साथ व्यवस्थाओं की समीक्षा की थी। इसके बाद, 4 जून को उन्होंने राज्य सरकारों के चीफ़ सेक्रेटरीज के साथ भी समीक्षा बैठक की, जिसमें तैयारियों और प्रगति का जायजा लिया गया।
इन बैठकों का मुख्य उद्देश्य विभिन्न एजेंसियों के बीच प्रभावी तालमेल स्थापित करना है। साथ ही, सुरक्षा और प्रशासनिक तैयारियों को मजबूत बनाना तथा नीट री-एग्जाम की विश्वसनीयता और पवित्रता को हर हाल में बनाए रखना भी इन बैठकों के एजेंडे में शीर्ष पर रहा। केंद्र और राज्य सरकारें मिलकर व्यापक स्तर पर तैयारियों में जुटी हुई हैं, ताकि लाखों छात्रों को निष्पक्ष और सुरक्षित परीक्षा वातावरण मिल सके।
एक तरफ जहां सरकार री-एग्जाम की तैयारियों में जुटी है, वहीं दूसरी ओर नीट पेपर लीक मामले में सीबीआई अपनी जांच जारी रखी हुई है। इस मामले में कई गिरफ्तारियां भी की जा चुकी हैं। देश के कई हिस्सों में छात्र संगठनों का विरोध-प्रदर्शन भी लगातार जारी है, जो परीक्षा की शुचिता को लेकर अपनी चिंता व्यक्त कर रहे हैं। इससे पहले, केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने भी री-टेस्ट से पहले नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (एनटीए) मुख्यालय में अधिकारियों के साथ बैठक कर नीट यूजी 2026 की दोबारा परीक्षा की तैयारियों की समीक्षा की थी।