FIFA World Cup 2026 क्वार्टर फाइनल मुकाबले में स्पेन ने शानदार प्रदर्शन करते हुए बेल्जियम को 2-1 से शिकस्त दी और 2010 के बाद पहली बार फीफा विश्व कप के सेमीफाइनल में जगह बना ली। आखिरी मिनटों तक चले रोमांचक मुकाबले में मिकेल मेरिनो ने निर्णायक गोल कर स्पेन को ऐतिहासिक जीत दिलाई। अब सेमीफाइनल में स्पेन का मुकाबला फ्रांस से होगा।

Spain vs Belgium FIFA World Cup 2026: फैबियन रुइज ने दिलाई शुरुआती बढ़त

मैच की शुरुआत से ही स्पेन ने आक्रामक अंदाज अपनाया और बेल्जियम के डिफेंस पर लगातार दबाव बनाया। इसका फायदा 30वें मिनट में मिला, जब लैमिन यामल की शानदार दौड़ के बाद पेड्रो पोरो ने बॉक्स में लो क्रॉस दिया। बेल्जियम के गोलकीपर थिबॉट कोर्टुआ ने डैनी ओल्मो का पहला प्रयास रोक दिया, लेकिन रिबाउंड पर फैबियन रुइज ने गेंद को गोल में पहुंचाकर स्पेन को 1-0 की बढ़त दिला दी।

बेल्जियम ने पहले हाफ में की बराबरी

स्पेन की बढ़त ज्यादा देर तक कायम नहीं रह सकी। 41वें मिनट में टिमोथी कास्टेग्ने के शानदार क्रॉस पर चार्ल्स डी केटेलेयर ने बेहतरीन हेडर लगाकर स्कोर 1-1 कर दिया।

इस गोल के साथ स्पेन के गोलकीपर उनाई साइमन की लगातार छह क्लीन शीट का सिलसिला टूट गया। साथ ही वर्ल्ड कप में लगातार 650 मिनट तक बिना गोल खाए रहने का उनका रिकॉर्ड भी समाप्त हो गया।

कोर्टुआ की चोट बनी बेल्जियम के लिए बड़ा झटका

दूसरे हाफ में मुकाबला बराबरी पर चलता रहा, लेकिन 71वें मिनट में बेल्जियम को बड़ा झटका लगा। स्टार गोलकीपर थिबॉट कोर्टुआ चोट के कारण मैदान से बाहर हो गए। उनकी जगह युवा गोलकीपर सेने लैमेंस को उतारा गया।

कोर्टुआ का यह फीफा वर्ल्ड कप में 21वां मुकाबला था। इसके साथ ही वह विश्व कप इतिहास में सबसे अधिक मैच खेलने वाले गोलकीपरों की सूची में जर्मनी के मैनुअल न्यूएर के बाद दूसरे स्थान पर पहुंच गए।

मिकेल मेरिनो ने फिर निभाई सुपर सब की भूमिका

जब मुकाबला अतिरिक्त समय की ओर बढ़ता दिख रहा था, तभी स्पेन के कोच ने 86वें मिनट में मिकेल मेरिनो को मैदान पर उतारा। उन्होंने केवल दो मिनट बाद ही मैच का फैसला कर दिया।

पाउ क्यूबार्सी का लंबी दूरी का शॉट बेल्जियम के नए गोलकीपर सेने लैमेंस ठीक से नहीं रोक सके। गेंद उनके हाथों से छिटक गई और मेरिनो ने बिना कोई गलती किए उसे गोल में बदल दिया।

यह लगातार दूसरा नॉकआउट मुकाबला रहा, जिसमें मेरिनो ने बतौर सब्स्टीट्यूट उतरकर स्पेन के लिए मैच जिताऊ गोल किया। इससे पहले उन्होंने प्री-क्वार्टर फाइनल में पुर्तगाल के खिलाफ भी निर्णायक गोल दागा था।

अब सेमीफाइनल में फ्रांस से होगी टक्कर

इस जीत के साथ स्पेन ने 16 साल बाद विश्व कप के अंतिम चार में जगह बनाई है। पिछली बार स्पेन 2010 में सेमीफाइनल में पहुंचा था और उसी टूर्नामेंट में पहली बार विश्व चैंपियन भी बना था।

अब स्पेन के सामने सेमीफाइनल में फ्रांस की चुनौती होगी। दोनों यूरोपीय दिग्गजों के बीच होने वाला यह मुकाबला टूर्नामेंट के सबसे बड़े मैचों में से एक माना जा रहा है।