हरिद्वार, उत्तराखंड: चैत्र नवरात्रि की शुरुआत के साथ ही धार्मिक नगरी हरिद्वार में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ पड़ी। नवरात्रि के पहले दिन मां शैलपुत्री की पूजा-अर्चना की जाती है और इसी के साथ भक्त कलश स्थापना भी करते हैं। इस पावन अवसर पर देशभर से आए श्रद्धालु गंगा स्नान कर मां मनसा देवी के दर्शन करने मंदिर पहुंचे।

मां मनसा देवी मंदिर में भक्तों का सैलाब

चैत्र नवरात्रि के पहले दिन हरिद्वार में आस्था का महासंगम देखने को मिला। हजारों की संख्या में श्रद्धालु मां मनसा देवी के दर्शन के लिए लंबी कतारों में खड़े नजर आए। सुबह से ही भक्त गंगा स्नान कर मां के दर्शन के लिए मंदिर की ओर प्रस्थान करने लगे।

मंदिर पहुंचने के लिए श्रद्धालु रोपवे और पैदल यात्रा दोनों ही मार्गों का उपयोग कर रहे हैं। मंदिर प्रशासन के अनुसार, पहले दिन ही लाखों श्रद्धालुओं ने दर्शन किए और मां से आशीर्वाद प्राप्त किया।

मन्नत धागा बांधने की परंपरा

मनसा देवी मंदिर में श्रद्धालु अपनी मनोकामनाएं पूरी करने के लिए मन्नत धागा बांधते हैं। धार्मिक मान्यता के अनुसार, जो भी भक्त सच्चे मन से मां के चरणों में अपनी प्रार्थना अर्पित करता है, उसकी हर मनोकामना पूरी होती है। हरिद्वार आने वाले श्रद्धालु मनसा देवी मंदिर में दर्शन के बिना अपनी यात्रा को अधूरा मानते हैं।

श्रद्धालुओं के लिए विशेष प्रबंध

श्रद्धालुओं की भारी भीड़ को देखते हुए मंदिर प्रशासन ने विशेष प्रबंध किए हैं। सुरक्षा व्यवस्था चाक-चौबंद रखी गई है, ताकि भक्तों को किसी प्रकार की परेशानी न हो। महिलाओं और पुरुषों के लिए अलग-अलग कतारें बनाई गई हैं, वहीं दिव्यांग श्रद्धालुओं के लिए भी विशेष सुविधाएं उपलब्ध कराई गई हैं।

हरिद्वार पुलिस प्रशासन और स्थानीय स्वयंसेवी संगठनों ने भीड़ को व्यवस्थित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।

हरिद्वार में भक्तों की भीड़ का नवरात्रि पर विशेष महत्व

हरिद्वार को हिंदू धर्म का प्रमुख तीर्थ स्थल माना जाता है और नवरात्रि के दौरान यहां विशेष आयोजन किए जाते हैं। गंगा घाटों पर भक्तों की भीड़ उमड़ती है और मंदिरों में विशेष पूजन एवं हवन किए जाते हैं। मां मनसा देवी के अलावा चंडी देवी मंदिर और हर की पौड़ी पर भी श्रद्धालु भारी संख्या में पूजा-अर्चना करते नजर आ रहे हैं।