टायर निर्माता कंपनी CEAT के लिए वित्त वर्ष 2026-27 की पहली तिमाही उम्मीद के मुताबिक नहीं रही। कंपनी के कमजोर वित्तीय नतीजों के बाद शुक्रवार को शेयर बाजार में CEAT के शेयरों में तेज बिकवाली देखने को मिली। शुरुआती कारोबार में कंपनी का शेयर करीब 9 प्रतिशत तक लुढ़क गया।

कंपनी के शुद्ध मुनाफे में सालाना आधार पर 96 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई है। हालांकि राजस्व में वृद्धि हुई, लेकिन कच्चे माल की बढ़ी लागत और घटते मार्जिन ने निवेशकों की चिंता बढ़ा दी।

CEAT Share Price में क्यों आई बड़ी गिरावट?

शुक्रवार को बाजार खुलते ही CEAT का शेयर पिछली क्लोजिंग 3,829.60 रुपये के मुकाबले करीब 9.3 प्रतिशत टूटकर 3,471.10 रुपये तक पहुंच गया। सुबह के कारोबार में शेयर करीब 3,548 रुपये के स्तर पर कारोबार करता दिखा, जो पिछले बंद भाव से 7 प्रतिशत से अधिक नीचे था।

विश्लेषकों का मानना है कि कंपनी के कमजोर तिमाही नतीजों और भविष्य में लागत बढ़ने की आशंका ने निवेशकों की धारणा को प्रभावित किया।

CEAT Q1 Results: 96% घटा कंपनी का मुनाफा

कंपनी के अनुसार, वित्त वर्ष 2026-27 की पहली तिमाही में उसका समेकित शुद्ध लाभ घटकर सिर्फ 4 करोड़ रुपये रह गया। पिछले वित्त वर्ष की समान तिमाही में कंपनी ने 112 करोड़ रुपये का शुद्ध लाभ दर्ज किया था।

हालांकि, कंपनी की परिचालन आय (Revenue from Operations) बढ़कर 4,318 करोड़ रुपये हो गई, जो पिछले साल की समान अवधि में 3,529 करोड़ रुपये थी। यानी बिक्री में बढ़ोतरी के बावजूद बढ़ती लागत ने मुनाफे पर असर डाला।

कच्चे माल की लागत बनी सबसे बड़ी चुनौती

कंपनी ने बताया कि पश्चिम एशिया में जारी भू-राजनीतिक तनाव के कारण कच्चे माल की कीमतों में बढ़ोतरी हुई, जिससे उत्पादन लागत बढ़ गई।

कंपनी के प्रबंध निदेशक एवं मुख्य कार्यकारी अधिकारी अर्नब बनर्जी ने कहा कि लागत बढ़ने के असर को कम करने के लिए कंपनी ने चरणबद्ध तरीके से टायरों की कीमतों में वृद्धि की, लेकिन दूसरी तिमाही में भी कच्चे माल की कीमतें ऊंचे स्तर पर बनी रह सकती हैं।

ऑपरेटिंग मार्जिन पर भी पड़ा असर

CEAT का परिचालन प्रदर्शन भी दबाव में रहा। कंपनी का EBITDA घटकर 365 करोड़ रुपये रह गया, जबकि पिछले साल इसी तिमाही में यह 387 करोड़ रुपये था।

EBITDA Margin घटकर 8.5% पर आया

कंपनी का EBITDA Margin भी पिछले साल के 11 प्रतिशत से घटकर 8.5 प्रतिशत रह गया। यह संकेत देता है कि लागत बढ़ने से कंपनी की लाभप्रदता प्रभावित हुई है।

एक साल में कैसा रहा CEAT शेयर का प्रदर्शन?

कमजोर तिमाही नतीजों का असर केवल एक दिन के कारोबार तक सीमित नहीं है। पिछले एक वर्ष में CEAT के शेयर में करीब 8 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई है।

पिछले छह महीनों में शेयर 8 प्रतिशत से अधिक कमजोर हुआ है, जबकि वर्ष 2026 में अब तक इसमें लगभग 6 प्रतिशत की गिरावट आ चुकी है।

निवेशकों की नजर दूसरी तिमाही पर

अब बाजार की नजर कंपनी की दूसरी तिमाही के प्रदर्शन पर रहेगी। यदि कच्चे माल की कीमतों में नरमी आती है और लागत पर नियंत्रण होता है, तो कंपनी के मार्जिन में सुधार देखने को मिल सकता है। फिलहाल निवेशकों के लिए सबसे बड़ी चिंता बढ़ती इनपुट लागत और उसके मुनाफे पर पड़ने वाले प्रभाव को लेकर बनी हुई है।